श्रीकृष्ण जन्मभूमि पर क्यों चुप है विपक्षः सीएम योगी
धार्मिक व बौद्ध विरासत का सबसे बड़ा केंद्र यूपी: सीएम योगी
84 कोसी-पंचकोसी परिक्रमा जैसे आयोजनों से ब्रजभूमि बना रही उत्सव की पहचान
जन्माष्टमी पर दो दिवसीय दौरे पर मथुरा पहुंचे मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर साधा निशाना
मथुरा में गुरुवार को बच्चे को दुलारते हुए मुख्यमंत्री,जन्माष्टमी पर श्रीकृष्ण जन्मभूमि का दर्शन करेंगे सीएम
मथुरा। रामजन्मभूमि पर बोलने वाला विपक्ष कृष्ण जन्मभूमि पर चुप क्यों है। यूपी अब 2017 से पहले का नहीं रहा। यहां चुनौती समस्या नहीं संभावना और उसका समाधान बन गया है। मजबूत कानून व्यवस्था के चलते अब पॉलिसी पैरालिसिस जैसी स्थिति नहीं है। मथुरा में गुरुवार को एक निजी चैनल के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी को सीधे निशाने पर लेते हुए कहा हम इस बार भी यूपी में धमाकेदार तरीके से सरकार बनाएंगे।
जन्माष्टमी पर दो दिवसीय दौरे पर मथुरा पहुंचे मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने पिछले साढ़े नौ वर्षों में चुनौतियों से भागने के बजाय उन्हें संभावनाओं में बदलकर विकास की नई दिशा तय की है। जिस ब्रजभूमि में जून 2016 में जवाहरबाग कांड के दौरान 29 लोगों की जान गई थी, वही आज कृष्ण जन्मोत्सव, बरसाना के होली रंगोत्सव, ब्रज रज उत्सव, 84 कोसी-पंचकोसी परिक्रमा और गोवर्धन परिक्रमा जैसे आयोजनों के जरिए उत्सव की नई पहचान बना रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले ब्रज क्षेत्र में इस तरह के बड़े धार्मिक आयोजनों के सामने सुरक्षा, व्यवस्था और बुनियादी ढांचे की बड़ी चुनौतियां थीं। आज ब्रजभूमि में विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित हुआ है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार सुबह श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर में गोपूजन करेंगे। इसके पश्चात दर्शन-पूजन कर लीलाधारी भगवान के चरणों में श्रद्धा निवेदित करेंगे। शाम को लखनऊ पुलिस लाइन और देर रात्रि गोरखपुर के गोरखनाथ मंदिर में होने वाले जन्माष्टमी आयोजनों में भी शामिल होंगे।
धार्मिक व बौद्ध विरासत का सबसे बड़ा केंद्र यूपी: मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि अयोध्या, काशी, मथुरा,वृंदावन, गोकुल, बरसाना और गोवर्धन जैसे प्रमुख तीर्थ उत्तर प्रदेश में हैं। कपिलवस्तु, सारनाथ, श्रावस्ती और कुशीनगर जैसे प्रमुख बौद्ध तीर्थ भी प्रदेश में हैं। कौशांबी और संकिसा में भी बौद्ध विरासत मौजूद हैं।
युवाओं को स्किलिंग और रोजगार से जोड़ा: मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि पिछली सरकारों ने प्रदेश की बड़ी आबादी को चुनौती माना, जबकि उनकी सरकार ने इसे अवसर के रूप में देखा। युवाओं की संख्या को स्किलिंग से और स्किलिंग को रोजगार से जोड़ा। इसी सोच से युवाओं के लिए नए अवसर तैयार हुए।

