गोंडा जंक्शन और गोंडा कचहरी के बीच 4.89 किमी रेलखंड का सीआरएस ने किया निरीक्षण, सफल रहा स्पीड ट्रायल
71 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ी ट्रेन, तीसरी लाइन को जल्द मिलेगी मंजूरी
गोंडा में शुक्रवार को समपार फाटक का निरीक्षण करते रेल संरक्षा आयुक्त प्रणजीव सक्सेना व मंडल रेल प्रबंधक गौरव अग्रवाल,स्रोत विभाग
गोंडा। गोंडा-बुढ़वल रेलखंड पर गोंडा जंक्शन से गोंडा कचहरी के बीच 4.89 किलोमीटर लंबी तीसरी विद्युत रेल लाइन का शुक्रवार को रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) प्रणजीव सक्सेना ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के अंतिम चरण में सीआरएस स्पेशल ट्रेन का 71 किलोमीटर प्रति घंटे की अधिकतम अनुमेय गति से सफल स्पीड ट्रायल किया गया। निरीक्षण सफल रहने के बाद इस नई लाइन के संचालन की मंजूरी मिलने की उम्मीद बढ़ गई है।
सीआरएस ने गोंडा कचहरी स्टेशन से निरीक्षण शुरू कर स्टेशन यार्ड, प्वाइंट एवं क्रॉसिंग संख्या-226ए की तकनीकी जांच की। इसके बाद मोटर ट्रॉली से गोंडा कचहरी से गोंडा जंक्शन तक पूरे रेलखंड का निरीक्षण किया। इस दौरान पुल संख्या 354 और 362, लिमिटेड हाइट सब वे (एलएचएस) तथा समपार फाटक संख्या-261ए की सुरक्षा व्यवस्थाएं भी परखी गई। गेटमैन से सुरक्षा प्रक्रियाओं की जानकारी लेकर उसकी कार्यकुशलता का परीक्षण किया गया।रेल अधिकारियों के अनुसार तीसरी लाइन के चालू होने से गोंडा जंक्शन पर ट्रेनों के संचालन में सुगमता आएगी। ट्रेनों के क्रॉसिंग और ओवरटेक में लगने वाला समय कम होगा, परिचालन क्षमता बढ़ेगी तथा भविष्य में यात्री और माल गाड़ियों का संचालन अधिक व्यवस्थित ढंग से किया जा सकेगा।
गोंडा जंक्शन पर सीआरएस ने इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली, सेंट्रल रिले रूम, बैटरी रूम, स्टेशन यार्ड, सिग्नल एवं दूरसंचार व्यवस्था तथा बिजली आपूर्ति प्रणाली का भी निरीक्षण किया। इसके बाद नई तीसरी लाइन पर स्पीड ट्रायल कर ट्रैक, ओवरहेड उपकरण और संरक्षा मानकों की जांच की गई। रेल अधिकारियों के अनुसार तीसरी लाइन शुरू होने से गोंडा जंक्शन पर ट्रेनों की क्रॉसिंग और ओवरटेक में कम समय लगेगा। निरीक्षण के दौरान मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) अनुज मित्तल, मुख्य अभियंता (निर्माण) ओपी सिंह, मंडल रेल प्रबंधक गौरव अग्रवाल समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

