प्रदेश अध्यक्ष के0के0 पांडे ग्राम प्रधान संगठन ने मुख्य मंत्री, उ0प्र0 को लिखा पत्र
लखनऊ: राष्ट्रीय पंचायती राज ग्राम प्रधान संगठन के प्रदेश अध्यक्ष कौशल किशोर पांडे ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश को पत्र भेजकर आग्रह पूर्वक निवेदन किया है कि कृपया ग्राम पंचायतों के चुनाव की स्थित स्पष्ट करने की कृपा करें,यदि समय से पंचायत चुनाव कराये जाते है तो संगठन उसका स्वागत करेगा। यदि किन्हीं अपरिहार्य कारणो से समय से चुनाव नहीं कराये जाते है, तो कृपया वर्तमान ग्राम प्रधानों को ही प्रशासक बनाकर उनका कार्यकाल बढ़ाने की कृपा करे। क्योकि कोरोना काल में विकास को गति बाधित रही। ग्राम प्रधान अपनी ग्राम सभा को दिये गये लक्ष्य को पूरे नहीं कर पाये हैं,पड़ोसी राज्य राजस्थान में ग्राम प्रधानों को ही प्रशासक बनाया गया है। प्रशासक के रूप में ग्राम प्रधान पूरे मनोयोग परिश्रम, लगन तथा पारदर्शिता के साथ अपनी-अपनी ग्राम पंचायतों के ग्राम सभाओं का विकास करेंगे,जो जनहित में प्रदेश तथा ग्राम्य विकास दोनो के हित में होगा।उन्होंने कहा कि ग्राम प्रधानों तथा उनके परिवारजनों की सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिये पूरे प्रदेश के समस्त थानों तथा पुलिस चौकियों को निर्देशित करने की कृपा करें। तथा समस्त पुलिस थानों व पुलिस चौकियों के क्षेत्रांतर्गत आने वाले ग्राम प्रधानों के साथ बैठक आहूत कराने के लिए निर्देश जारी करें। आपको ज्ञात हो कि उपरोक्त के सम्बन्ध में संगठन पहले भी कई बार शासन को पत्र भेजकर अनेकों बार अनुरोध कर चुका है।
प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से मांग किया कि ग्राम प्रधानों तथा उनके परिवारजनों की सुरक्षा व्यवस्था को गम्भीर खतरे की सम्भावना बनी रहती है,जैसा कि अभी हाल में मिर्जापुर जनपद की घटना एक निन्दनीय ज्वलन्त उदाहरण है। ऐसे में ग्राम प्रधानों तथा उनके परिवारजनों के विरुद्ध किसी प्रकार का मुकदमा गुण-दोष के आधार पर विना सघनतम जाँच किये दर्ज न किया जाये,इस आशय का अनुपालन प्रदेश के समस्त थानों में सुनिश्चित किया जाए,ग्राम प्रधान पद के दायित्व निर्वहन काल में ग्राम प्रधान व उनके परिवारजनों के खिलाफ चुनावी रंजिश,आपसी वैमनस्यता आदि के चलते चल रहे मुकदमें वापस लिए जाएं।यदि किसी ग्राम प्रधान की उनके कार्यकाल के दौरान किसी भी कारण से मृत्यु हो जाती है तो उनके परिजनों को कम से कम 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की कृपा करें,क्योंकि “ग्राम प्रधान” चुने जाने के बाद रात-दिन ग्राम वासियों की सेवा करता है। ग्राम सभा विकास का माध्यम होता है,ऐसे में अपने परिवार की परवाह किये बिना पूरी ग्राम सभा के हित में लगा रहता है। ऐसे में ग्राम प्रधान की किसी कारण से मृत्यु हो जाती है तो परिवार में कुछ शेष नहीं बचता है।
उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि जिन ग्राम प्रधानो का किसी कारणवश मृत्यु हो जाती है! तो मृत्यु के बाद उसके परिजनों के मानवीय संवेदनाओं को देखते हुए ग्राम पंचायतों के समस्त भुगतान सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर शीघ्रातिशीघ्र कराया जाये।ग्राम प्रधानों या उनके परिवारजनों की सुरक्षा हेतु लंबित शस्त्र पत्रावलियों को 15 दिन में निस्तारित करने के लिए निर्देश जारी करें।ग्राम पंचायतों के सभी प्रकार के लंबित कच्चे पक्के कार्यों का भुगतान प्राथमिकता के आधार पर शीघ्राति-शीघ्र कराने की कराने का आग्रह किया।
प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश से आग्रह किया कि कृत कार्यवाही से संगठन को भी अवगत कराने की कृपा करें।
कौशल किशोर पान्डेय,प्रदेश अध्यक्ष, ग्राम प्रधान संगठन उ0प्र0,मोबाइल नंबर- 8126397610

