मुख्यमंत्री योगी ने बहराइच-श्रावस्ती में कांग्रेस और सपा पर साधा निशाना! उनको गाजी मियां पसंद थे,इसलिए उनकी ऐसी दुर्गति हुई
बेटियों और व्यापारियों की सुरक्षा से खेलने वाला कोई भी हो उसको अंजाम भुगतेगा पड़ेगा-मुख्यमंत्री योगी
बहराइच-श्रावस्ती!मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि आने वाले समय में विदेशी आक्रांता गाजी (गाजी सैयद सालार मसूद) के नाम पर कोई आयोजन न हो, इसकी उनकी सरकार पुख्ता व्यवस्था करेगी। योगी ने विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि महाराजा सुहेलदेव की परंपरा का सम्मान होना चाहिए, लेकिन पूर्ववर्ती सरकारों ने विदेशी आक्रांता सालार मसूद गाजी के नाम पर मेला शुरू कराया। हमारी सरकार आने के बाद मैंने स्पष्ट कह दिया कि विदेशी आक्रांता के नाम पर कोई मेला नहीं लगेगा। यदि कोई ऐसा करेगा तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। यह स्वतंत्र भारत है और यहां विदेशी आक्रांताओं का सम्मान नहीं हो सकता। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें भगवान बुद्ध, जैन तीर्थंकरों, मां जानकी की परंपरा और महाराजा सुहेलदेव की विरासत अच्छी नहीं लगती, बल्कि वे गाजी मियां का मेला लगवाना चाहते थे, इसलिए उनकी आज ये दुर्गति हुई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बहराइच जिले की महसी और नानपारा विधानसभा क्षेत्रों की 352 करोड़ रुपये लागत की 70 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्यास किया। इसके अलावा सीएम ने श्रावस्ती के इकौना, सीताद्वार में आयोजित कार्यक्रम में श्रावस्ती एवं भिनगा विधानसभा क्षेत्रों में 396 करोड़ रुपए से अधिक की 83 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्यास किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने आयोजित जनसभाओं को संबोधित करते हुए महाराजा सुहेलदेव का स्मरण करते हुए कहा, कि “हमारी सरकार जब आई तो हमने बड़ी स्पष्टता के साथ कहा कि उत्तर प्रदेश में किसी विदेशी आक्रांता के स्मारक को हम स्वीकार नहीं करेंगे और उसके नाम पर मेला का आयोजन भी स्वीकार नहीं होना चाहिए। योगी ने कहा, मैं यहां के लोगों का अभिनंदन करूंगा जिन्होंने गाजी के नाम पर होने वाले आयोजनों को रोक दिया और आने वाले समय में गाजी के नाम पर कोई आयोजन न हो, इसकी हम पुख्ता व्यवस्था करेंगे। महाराजा सुहेलदेव ने 1033 ईस्वी में बहराइच में चित्तौरा झील के किनारे एक युद्ध में गजनवी सेनापति गाजी सैयद सालार मसूद को पराजित कर उनकी हत्या कर दी थी।
योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और सपा को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इनके एजेंडे में कभी विकास का मुद्दा ही नहीं था। एक वंश, एक परिवार का विकास हो,अपना स्वयं का विकास हो, यही इनके एजेंडे का प्रमुख हिस्सा था। मुख्यमंत्री ने कहा कि बहराइच समेत विभिन्न जिलों की ओर इन लोगों ने कभी ध्यान नहीं दिया, इसलिए उत्तर प्रदेश के सामने पहचान का संकट खड़ा हो गया! जिस महाराजा सुहेलदेव को सबसे पहले सम्मान मिलना चाहिए था,सपा और कांग्रेस दोनों पार्टीयों ने नहीं दिया, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने नहीं दिया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, जिस महाराजा सुहेलदेव की स्मृति में मेले लगने चाहिए, वह मेले कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने आयोजित नहीं किये, बल्कि भारत को रौंदने के लिए, भारत को अपमानित करने के लिए बहराइच को और मां पाटेश्वरी धाम को लूटने के लिए जो विदेशी आक्रांता सालार मसूद गाजी आया था, इन लोगों ने उस गाजी के नाम पर गाजी मियां का मेला लगाना प्रारंभ कर दिया था।

