बढ़नी, सिद्धार्थनगर: 30 दिसंबर 2025
सशस्त्र सीमा बल की 50वीं बटालियन ने बढ़नी में मानव तस्करी पर दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का किया आयोजन
सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की 50वीं बटालियन, बढ़नी में मानव तस्करी जैसी गंभीर सामाजिक समस्या पर केंद्रित दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य मानव तस्करी के विभिन्न पहलुओं पर जागरूकता बढ़ाना तथा इसकी रोकथाम हेतु प्रभावी रणनीतियों पर विचार-विमर्श करना था।
कार्यक्रम की अध्यक्षता असिस्टेंट कमांडेंट संजय के.पी. ने की,कार्यशाला में विभिन्न विषय विशेषज्ञों ने सहभागिता की। मानव संसाधन एवं महिला विकास संस्थान की निदेशक डॉ. भानुजा सरन ने मानव तस्करी के पूरे चक्र पर विस्तृत जानकारी प्रदान की, जिसमें सोर्स (स्रोत), ट्रांजिट (आवागमन) एवं डेस्टिनेशन (गंतव्य) स्तर शामिल हैं। वहीं एएचटीयू प्रभारी मनोज श्रीवास्तव ने बताया कि किस प्रकार संगठित नेटवर्क के माध्यम से मानव तस्करी को अंजाम दिया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान प्रसून शुक्ल द्वारा विशेष रूप से रिक्रूटमेंट, ट्रांसपोर्टेशन एवं एक्सप्लॉइटेशन की प्रक्रियाओं पर प्रकाश डाला गया तथा इस संपूर्ण प्रणाली को तोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया गया। प्रतिभागियों को यह भी अवगत कराया गया कि सीमा क्षेत्रों में सतर्कता, आपसी समन्वय एवं समय पर सूचना साझा करना मानव तस्करी की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसके साथ ही स्थानीय समुदाय, रेलवे विभाग, टेम्पो एवं बस स्टैंड के स्टाफ के साथ समन्वय स्थापित कर इन मुद्दों पर प्रभावी ढंग से कार्य किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। साथ ही मानव तस्करी की रोकथाम में तकनीक ‘टेक्नोलॉजी’ के प्रभावी उपयोग पर भी चर्चा की गई।
इस प्रशिक्षण कार्यशाला के माध्यम से प्रतिभागियों को मानव तस्करी की पहचान, रोकथाम एवं प्रभावी हस्तक्षेप के लिए संवेदनशील एवं सक्षम बनाने का प्रयास किया गया। कार्यशाला में एमएसएमवीएस संस्था से श्री रोहित दुबे, सुश्री गोमा बी.सी. सहित बटालियन के जवान उपस्थित रहे।

