उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव जल्द कराने की उठी मांग,पंचायत अधिकार संघ ने राज्य निर्वाचन आयोग व पंचायती राज निदेशालय को सौंपा ज्ञापन
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव शीघ्र कराए जाने की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। “पंचायत अधिकार संघ” “उत्तर प्रदेश” ने राज्य निर्वाचन आयोग और पंचायती राज निदेशालय को ज्ञापन सौंपकर पंचायत चुनाव जल्द कराने तथा ग्राम पंचायतों में लागू प्रशासकीय व्यवस्था समाप्त कर निर्वाचित पंचायतों का गठन सुनिश्चित करने की मांग की है। संघ का कहना है कि पंचायत चुनावों में हो रही देरी से ग्रामीण लोकतांत्रिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है।ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत के विकास कार्य बाधित हो रहे हैं तथा ग्रामीण जनता अपने निर्वाचित प्रतिनिधियों से वंचित है।
संघ द्वारा दिए गए ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि वर्तमान में कई स्थानों पर ग्राम प्रधानों को प्रशासक के रूप में नियुक्त किए जाने से पंचायतों की संवैधानिक व्यवस्था और लोकतांत्रिक स्वरूप पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। संगठन का कहना है कि पंचायतीराज संस्थाओं का संचालन निर्वाचित प्रतिनिधियों के माध्यम से ही लोकतंत्र की मूल भावना के अनुरूप है।
पंचायत अधिकार संघ ने संबंधित अधिकारियों से अनुरोध किया है कि पंचायत चुनाव की सभी आवश्यक प्रक्रियाएं शीघ्र पूर्ण कर जल्द चुनाव
की तिथि घोषित किया जाए, ताकि ग्रामीण जनता को अपने प्रतिनिधि चुनने का संवैधानिक अधिकार मिल सके और पंचायतों का नियमित गठन सुनिश्चित हो।संगठन ने जनहित एवं ग्रामीण लोकतंत्र की रक्षा के लिए आवश्यक कार्रवाई किए जाने की भी मांग की है।

