“एक पेड़ मां के नाम” 2026 महा-अभियान को मिला अपार जनसहयोग,शुद्ध ऑक्सीजन एवं पर्यावरण संरक्षण का लिया संकल्प
सिद्धार्थनगर से न्यूज 17 इंडिया संवाददाता, कौशलेश मिश्र की रिपोर्ट…
सिद्धार्थनगर। सामाजिक वानिकी वन प्रभाग सिद्धार्थनगर की नौगढ़ रेंज द्वारा रविवार को कपिलवस्तु विधानसभा के ग्राम पंचायत धौरी कुइया स्थित समय माता मंदिर परिसर में ‘एक पेड़ मां के नाम’ वृक्षारोपण महायज्ञ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, वन विभाग के कर्मचारियों, स्कूली बच्चों और ग्रामीणों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश गो सेवा आयोग के उपाध्यक्ष यशवंत सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के आह्वान पर प्रत्येक व्यक्ति को अपनी मां के नाम एक पौधा लगाकर उसका संरक्षण करना चाहिए। जिससे शुद्ध ऑक्सीजन प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि वृक्ष हमें शुद्ध वायु, छाया, फल-फूल और जीवन प्रदान करते हैं। बढ़ते पर्यावरणीय संकट से बचने के लिए अधिक से अधिक वृक्षारोपण समय की आवश्यकता है।
कपिलवस्तु विधायक श्यामधनी राही ने कहा कि सरकार के संकल्प को सफल बनाने के लिए प्रत्येक नागरिक को पौधरोपण अभियान से जुड़ना चाहिए।वहीं नोडल अधिकारी एस. वी.एस. रंगाराव ने बताया कि जनपद में इस वर्ष 35 लाख पौधे रोपित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में पर्यावरण संरक्षण की महत्वपूर्ण भूमिका है।
प्रभागीय वनाधिकारी नीला एम. ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि वन विभाग निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप लगातार वृक्षारोपण करा रहा है और इसमें समाज के सभी वर्गों का सहयोग मिल रहा है।
कार्यक्रम के अंत में जिलाधिकारी शिव शरणप्पा जी.एन. ने अभियान की सफलता पर वन विभाग की सराहना करते हुए सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर स्कूली छात्र-छात्राओं धीरज,आदित्य, अंशिका, साक्षी, माधुरी, रागिनी, शालू, दिव्यांश पांडे, विवेक,ओम सिंह सहित अन्य प्रतिभागियों, शिक्षिका सुरभि सिंह एवं कवि पंकज सिद्धार्थ को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक मौर्य, पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन, मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह, सहायक पुलिस अधीक्षक विश्वजीत शौरयान समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन सिद्धार्थ शंकर पाण्डेय ने किया।

