सामाजिक वानिकी बन प्रभाग द्वारा मझौली सागर के सुरम्य तट पर विश्व आर्द्रभूमि दिवस का किया गया आयोजन
सिद्धार्थनगर में मझौली सागर बनेगा इको टूरिज्म का नया ठिकाना,हर साल 20 हजार से ज्यादा की संख्या में आते हैं विदेशी पंक्षी मेहमान
जनपद- सिद्धार्थनगर:सामाजिक वानिकी बन प्रभाग द्वारा मझौली सागर के सुरम्य तट पर विश्व आर्द्रभूमि दिवस का आयोजन किया गया। जिसके मुख्य अतिथि मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि, प्रकृति में वेटलैंड्स का परम महत्व है। मझौली सागर वेटलैंड्स के संरक्षण संवर्धन, वा विकास पर हम सभी को ध्यान देना चाहिए, डीएफओ नीला एम ने कहा मझौली सागर वेटलैंड्स एक प्राकृतिक है। यहां प्रति वर्ग काफी संख्या में प्रवासी पक्षी आते है। जो सागर की शोभा बढ़ाते है। इनका शिकार ना करें। मझौली सागर में इको टूरिज्म की प्रबल संभावना है। जिससे रोजगार के अवसर बढ़ेगे, प्राकृतिक वैटलैंड का संरक्षण भी होगा, उन्होंने एक जनपद एक वेटलैंड्स के तहत मझौली सागर के चयन पर बल दिया, वही सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के वनस्पत्ति विज्ञान विभागाध्यक्ष डा आशुतोष कुमार वर्मा विभागाध्यक्ष जंतु विज्ञान आशुतोष श्रीवास्तव ने मझौली सागर वेटलैंड्स की प्राकृतिक वा ऐतिहासिक महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा मझौली सागर में हर वर्ष बीस हजार विदेशी पक्षी मेहमान के आने की बात कही।
उक्त अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिता कराई गयी। विषण प्रतियोगिता मेंप्रथम स्थान फरहान अहनद, द्वितीय गोपाल कन्नौजिया, वा तृतीय मो इमरान, चित्रकला में साक्षी जायसवाल प्रथम, राबिरा द्वितीय,खुशी जायसवाल तृतीय। फोटोग्राफी प्रतियोगिता में सिद्धार्थ विश्वविद्यालय से प्रथम प्रीति कुशवाहा, द्वितीय हर्षिता सिंह, तृतीय सोनी यादव को सीडीओ बलराम सिंह,डीएफओ नीला एम ने प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। अधिकारियों तथा स्कूली छात्रों ने मझौली सागर तट पर दूरबीन के माध्यम से बर्ड वाचिंग भी किया। कार्यक्रम का संचालन सिद्धार्थ शंकर पांडे ने किया, इस कार्यक्रम का आयोजन क्षेत्रीय बन अधिकारी नौगढ़ राजेश कुमार कुशवाहा ने किया।
इस दौरान शिवकुमार गुप्ता क्षेत्रीय वन अधिकारी बसी,मोहम्मद इलियास खान क्षेत्रीय वन अधिकारी इटवा राजेश कुमार डिप्टी रेंजर फरिस्टर देवेश मिश्रा अमजद अली, अतुल कुमार तिवारी, महेश यादव, शैलेन्द्र यादव, शिवम शुक्ला, आदि उपस्थित रहे।

